घुटनों में दर्द हो तो वज़न कम करने के लिए योग कैसे करें: बदले हुए आसन, बिना कूदे

ज़्यादातर वज़न घटाने वाले वर्कआउट कूदने, दौड़ने या गहरे स्क्वैट से शुरू होते हैं, और दुखते घुटने यही नहीं सह पाते। इसलिए घुटनों के दर्द वाली कई महिलाएँ शुरू करने से पहले ही हार मान लेती हैं। पर योग को बदला जा सकता है: धीरे, ज़मीन के पास, कुर्सी के सहारे, और बिल्कुल बिना कूदे।
यह पोस्ट इस बारे में है कि घुटने दुखते हों तब भी वज़न पर कैसे काम करें। दर्द में आराम के आसनों के लिए घुटनों के दर्द के लिए योग पढ़ें।
घुटने का दर्द चोट या सर्जरी की वजह से हो, या सूजन हो, तो पहले डॉक्टर से पूछ लें। हल्का खिंचाव ठीक है; तेज़ दर्द हो तो रुक जाएँ।
घुटनों के लिए सुरक्षित योग के नियम
- कूदना नहीं। एक-एक पैर करके धीरे पीछे और आगे आएँ।
- घुटना मोड़ने वाले आसनों में घुटना टखने के ऊपर, और दूसरी उँगली की सीध में रखें।
- खड़े होते समय घुटने कभी लॉक न करें। हल्की-सी नरमी रखें।
- जब भी घुटने ज़मीन पर आएँ, नीचे मुड़ी हुई चादर या कुशन रखें।
- मालासन जैसे गहरे स्क्वैट और वज्रासन जैसे घुटनों के बल बैठने वाले आसन दर्द करें तो छोड़ दें।
- आगे झुकने वाले आसनों में घुटने जितना चाहिए उतना मोड़ें।
घुटनों के दर्द के लिए बदला हुआ सूर्य नमस्कार
सूर्य नमस्कार वज़न कम करने के लिए पूरे शरीर का सबसे अच्छा क्रम है, और इसे घुटनों के हिसाब से बदला जा सकता है:
- आगे झुकना: घुटने अच्छे से मोड़ें, या हाथ ज़मीन की जगह जाँघों पर रखें।
- लंज: धीरे पीछे जाएँ, और पीछे वाला घुटना मुड़ी हुई चादर पर रखें।
- प्लैंक: दोनों घुटने चादर पर नीचे रखें।
- वापस आना: पैर को झटके से आगे लाने की जगह हाथ की मदद से आगे रखें।
- दर्द वाले दिन: पूरा क्रम कुर्सी पर बैठकर करें, साँस के साथ सिर्फ़ हाथ और ऊपर का शरीर चलाएँ।
2 या 3 धीमे राउंड से शुरू करें, और ज़्यादा तभी करें जब अगले दिन घुटने ठीक लगें।
कुर्सी और मैट का 25 मिनट का रूटीन
- 5 मिनट कुर्सी पर वॉर्म-अप: टखनों को घुमाना, एक-एक पैर सीधा करना, और कंधे घुमाना।
- 4 मिनट सिट-टू-स्टैंड: कुर्सी से खड़े होकर धीरे वापस बैठें, 8 से 10 बार। इससे जाँघें मज़बूत होती हैं, जो घुटनों को सहारा देती हैं।
- 4 मिनट कुर्सी पकड़कर खड़े होकर: एड़ियाँ उठाना, फिर कुर्सी पकड़कर छोटे स्टांस में वीरभद्रासन II।
- 5 मिनट बदला हुआ सूर्य नमस्कार, ऊपर बताए तरीक़े से।
- 5 मिनट मैट पर: सेतु बंधासन, लेटकर एक-एक पैर उठाना, करवट लेकर पैर उठाना और भुजंगासन।
- 2 मिनट अनुलोम विलोम, फिर घुटनों के नीचे तकिया रखकर शवासन।
खाना भी उतना ही ज़रूरी है
हल्का योग दौड़ने से कम कैलोरी ख़र्च करता है, इसलिए खाना और भी ज़्यादा मायने रखता है। हर भोजन में प्रोटीन, थाली का आधा हिस्सा सब्ज़ी, और मीठे ड्रिंक और पैकेट वाले स्नैक्स कम। और जानकारी घर बैठे वेट लॉस योग में है।
डॉक्टर को कब दिखाएँ
घुटना सूज जाए, जवाब दे दे, अटक जाए, रात को दर्द करे, या दर्द गिरने या चोट के बाद शुरू हुआ हो, तो डॉक्टर को दिखाएँ।
ऐसी टीचर के साथ करें जो आपके घुटने देख सकें
लाइव क्लास में टीचर देख सकती हैं कि आपका घुटना अंदर जा रहा है, और उसी समय आसान रूप बता सकती हैं। हमारे 12 के बैच में शुरुआती कॉल में लतिका को अपने घुटने के बारे में बताएँ, वे पहली क्लास से आपके लिए आसन बदल देंगी।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या घुटनों के दर्द में योग से वज़न कम हो सकता है?
हाँ। योग धीरे, कुर्सी के साथ और बिना कूदे किया जा सकता है, और मज़बूत जाँघें और कूल्हे अक्सर घुटनों का बोझ कम करते हैं। साथ में खाने में सरल बदलाव करें, और दर्द चोट से है तो पहले डॉक्टर से पूछ लें।
क्या घुटनों के दर्द में सूर्य नमस्कार सुरक्षित है?
बदला हुआ रूप अक्सर सुरक्षित होता है: आगे झुकते समय घुटने मुड़े, लंज में पीछे वाला घुटना नीचे, और कूदने की जगह धीरे क़दम। दर्द वाले दिन कुर्सी पर बैठकर करें।
क्या घुटनों के दर्द में वज्रासन नहीं करना चाहिए?
अगर घुटनों के बल बैठने में दर्द हो, तो नहीं। उसकी जगह कुर्सी पर या कुशन पर पालथी मारकर बैठें।
क्या वज़न कम करने के लिए सिर्फ़ कुर्सी योग काफ़ी है?
शुरुआत के लिए अच्छा है, ख़ासकर दर्द वाले दिनों में। घुटने जितना साथ दें, मैट के आसन और थोड़ी सैर जोड़ें, और खाने पर ध्यान दें।
यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है, मेडिकल सलाह नहीं। कोई बीमारी, चोट या प्रेगनेंसी हो तो योग शुरू करने से पहले डॉक्टर से बात करें।

